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2024 में इंटरनेट पर AI बॉट्स का कब्जा: सुरक्षित रहने के लिए आपको क्या जानना चाहिए”


2024 में AI बॉट्स ने इंटरनेट पर कब्ज़ा किया: आपके लिए इसका क्या मतलब है

अपडेट: 27 मई, 2025

2025 की Imperva Bad Bot Report के अनुसार, 2024 में पहली बार इंटरनेट ट्रैफिक में मानवों से अधिक AI बॉट्स सक्रिय हो गए। डिजिटल दुनिया अब स्वचालित एजेंटों से भर गई है—जिनमें से कई खतरनाक हैं—जो पहले से अधिक तेज़, स्मार्ट और विनाशकारी हैं।

2024 में खतरनाक बॉट्स का उभार

AI और बड़े भाषा मॉडल्स (LLMs) से संचालित खतरनाक बॉट्स ने 2024 में कुल वेब गतिविधि का चौंकाने वाला 37% हिस्सा लिया। ये अब केवल स्पैम भेजने वाले स्क्रिप्ट नहीं हैं; ये मानवीय व्यवहार की नकल कर सकते हैं, वेबसाइटों में सेंध लगा सकते हैं और बड़े स्तर पर साइबर हमलों को अंजाम दे सकते हैं।

2024 की मुख्य AI बॉट धमकियाँ:

  • 3,30,000+ क्रेडेंशियल स्टफिंग हमलों से वैश्विक यूजर अकाउंट्स को खतरा हुआ।
  • प्रमुख DDoS हमलों ने सेवाओं को बाधित किया, जिनमें मार्च 2025 में X की बड़ी आउटेज भी शामिल है।
  • $238.7 बिलियन का नुकसान फर्जी ऐड क्लिक और होस्टिंग लागत से हुआ।
  • सोशल मीडिया हैकिंग में वृद्धि हुई, जिससे गलत सूचना फैली और यूजर्स की पहचान चुराई गई।

AI बॉट्स से सबसे अधिक प्रभावित उद्योग

AI बॉट्स यादृच्छिक रूप से हमला नहीं कर रहे हैं—वे उच्च मूल्य वाले क्षेत्रों को निशाना बना रहे हैं:

  • यात्रा (Travel): 41% ट्रैफिक बॉट्स से आया, जिससे बुकिंग और कीमतें प्रभावित हुईं।
  • रिटेल (Retail): 59% ट्रैफिक पेमेंट गेटवे और ग्राहक डेटा सिस्टम्स को निशाना बना रहा था।
  • शिक्षा (Education): 11% बॉट गतिविधि अकादमिक रिकॉर्ड और व्यक्तिगत जानकारी को स्क्रैप करने पर केंद्रित थी।

“डांस ऑफ द हिलैरी” मैलवेयर

मई 2025 में, “Dance of the Hillary” नामक एक खतरनाक AI बॉट अभियान ने भारत में तबाही मचाई। ईमेल और सोशल मीडिया संदेशों के रूप में छिपकर, इस मैलवेयर ने व्यक्तिगत और वित्तीय जानकारी को तेज़ी से चुराया। यह एक नई पीढ़ी का AI-आधारित स्वायत्त मैलवेयर था जो चलते-चलते सीख सकता है और अनुकूलन कर सकता है।

AI बॉट्स कैसे इंटरनेट को बदल रहे हैं

बॉट्स के बढ़ते उपयोग ने “Dead Internet Theory” पर बहस को फिर से शुरू कर दिया है—यह विचार कि आज का अधिकांश ऑनलाइन कंटेंट और इंटरैक्शन अब मानवीय नहीं रह गया है।

मुख्य प्रभाव:

  • X और Reddit जैसे प्लेटफॉर्म पर असली जुड़ाव में गिरावट।
  • डिजिटल कंटेंट और इंफ्लुएंसर्स पर भरोसे में कमी।
  • ऐड मेट्रिक्स में हेराफेरी और फर्जी ट्रैफिक।
  • डेटा प्राइवेसी को लेकर बढ़ती चिंता और कंटेंट में हेरफेर।

AI बॉट्स से खुद को कैसे बचाएं

बॉट्स भले ही स्मार्ट हो रहे हों, लेकिन आप इन साइबर हाइजीन प्रथाओं से खुद को सुरक्षित रख सकते हैं:

मजबूत पासवर्ड का उपयोग करें
एक पासवर्ड मैनेजर का उपयोग करके यूनिक और सुरक्षित पासवर्ड बनाएं और स्टोर करें।

दो-चरणीय प्रमाणीकरण (2FA) सक्षम करें
अपने सभी महत्वपूर्ण अकाउंट्स पर अतिरिक्त सुरक्षा जोड़ें।

एंटीवायरस सॉफ़्टवेयर इंस्टॉल करें
Norton, Bitdefender या Kaspersky जैसे सॉफ़्टवेयर खतरनाक स्क्रिप्ट और डाउनलोड को ब्लॉक कर सकते हैं।

संदिग्ध लिंक से बचें
ईमेल अटैचमेंट और संदिग्ध सोशल मीडिया मैसेज पर क्लिक करने से पहले सावधान रहें—यहां तक कि वे किसी जानकार से आए हों।

अपडेटेड रहें
विश्वसनीय साइबर सुरक्षा और टेक न्यूज़ स्रोतों को फॉलो करें ताकि आप खतरे से पहले ही अवगत हो सकें।

इंटरनेट का भविष्य: क्या इंसान इसे वापस पा सकते हैं?

अब जब बॉट्स इंटरनेट के मूल ढांचे का हिस्सा बन चुके हैं, तो यह एक निर्णायक मोड़ पर पहुंच गया है। वूल्वरहैम्प्टन विश्वविद्यालय जैसे संस्थान बॉट ट्रैफिक की पहचान और नियंत्रण के टूल विकसित कर रहे हैं। फिर भी, AI बॉट्स की गति को देखते हुए, हर व्यक्ति को खुद सक्रिय रहना होगा।

चाहे आप खरीदारी कर रहे हों, पढ़ाई कर रहे हों या सोशल मीडिया स्क्रॉल कर रहे हों—हमेशा याद रखें:
अब इंटरनेट केवल इंसानों का नहीं रहा। साइबर-सजग रहें।

ऑनलाइन सुरक्षित रहें और Masala Mirror के साथ जुड़े रहें ताज़ा तकनीकी रुझानों, साइबर सुरक्षा, और AI इनोवेशन के लिए।


अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

1. 2024 में इंटरनेट ट्रैफिक का कितना प्रतिशत बॉट्स से आया?
कुल ट्रैफिक का 51% से अधिक, जिसमें से 37% “खतरनाक बॉट्स” की श्रेणी में आते हैं।

2. AI बॉट्स से सबसे ज़्यादा कौन-से उद्योग प्रभावित हुए हैं?
यात्रा, रिटेल, और शिक्षा क्षेत्र पर सबसे अधिक असर पड़ा।

3. क्रेडेंशियल स्टफिंग क्या है?
एक साइबर हमला जिसमें बॉट्स चुराए गए यूज़रनेम और पासवर्ड का उपयोग करके अकाउंट्स में घुसने की कोशिश करते हैं।

4. “Dance of the Hillary” मैलवेयर क्या था?
मई 2025 में एक AI-आधारित मैलवेयर अभियान, जिसने ईमेल और सोशल मीडिया के जरिए भारत में संवेदनशील डेटा चुराया।

5. क्या एंटीवायरस सॉफ़्टवेयर AI बॉट्स से सुरक्षा कर सकता है?
हाँ, टॉप-टियर एंटीवायरस प्रोग्राम AI-बॉट आधारित मैलवेयर और संदिग्ध गतिविधियों का पता लगाने और उन्हें ब्लॉक करने में सक्षम हैं।


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